मध्यप्रदेश: के मुख्यमंत्री Mohan Yadav ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री Narendra Modi से मुलाकात कर राज्य में चल रहे ‘किसान कल्याण वर्ष’ के तहत किए जा रहे कार्यों और योजनाओं की जानकारी दी। इस मुलाकात के दौरान प्रदेश में किसानों की आय बढ़ाने, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और समाज के विभिन्न वर्गों के कल्याण से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री से सौजन्य भेंट करते हुए प्रदेश के विकास कार्यों और कृषि क्षेत्र में चल रही पहलों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों के हित में कई योजनाओं और कार्यक्रमों को लागू कर रही है, जिनका उद्देश्य कृषि उत्पादन बढ़ाना और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है।
‘किसान कल्याण वर्ष’ की गतिविधियों की दी जानकारी
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने प्रधानमंत्री मोदी को बताया कि मध्यप्रदेश सरकार इस वर्ष को ‘किसान कल्याण वर्ष’ के रूप में मना रही है। इस पहल के तहत कृषि और उससे जुड़े क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि कृषि के साथ-साथ पशुपालन, मछली पालन और बागवानी जैसे क्षेत्रों को भी बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार कई योजनाएं चला रही है। इन क्षेत्रों को जोड़कर किसानों की आय बढ़ाने और रोजगार के अवसर पैदा करने का प्रयास किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के करीब 16 विभागों को इस अभियान से जोड़ा गया है, ताकि किसानों के विकास के लिए एक समग्र रणनीति तैयार की जा सके।

किसानों की आय बढ़ाने पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि प्रदेश सरकार किसानों की आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने के लिए कई नई पहल कर रही है। इन पहलों के तहत—
-
आधुनिक कृषि तकनीकों को बढ़ावा दिया जा रहा है
-
सिंचाई सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है
-
कृषि उत्पादों के बेहतर विपणन की व्यवस्था की जा रही है
इसके साथ ही किसानों को प्रशिक्षण और तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराई जा रही है, ताकि वे नई तकनीकों को अपनाकर अपनी उत्पादकता बढ़ा सकें।
प्रधानमंत्री ने की पहल की सराहना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मध्यप्रदेश सरकार की इन पहलों की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री को आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। उन्होंने कहा कि किसानों, महिलाओं, युवाओं और गरीबों के कल्याण के लिए केंद्र और राज्य सरकारों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना देश के समग्र विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
चार वर्गों के विकास पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मुलाकात के बाद कहा कि प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन के अनुसार चार प्रमुख वर्गों—किसान, महिला, गरीब और युवा—के विकास पर विशेष ध्यान दे रही है।
उन्होंने कहा,
“हम प्रदेश में किसान कल्याण वर्ष को पूरे उत्साह के साथ मना रहे हैं। कृषि, पशुपालन, मछली पालन और बागवानी सहित कई विभागों को जोड़कर व्यापक स्तर पर काम किया जा रहा है। मुझे खुशी है कि प्रधानमंत्री मोदी ने हमारे प्रयासों की सराहना की है और हमें आगे बढ़ने का आशीर्वाद दिया है।”
संसद भवन में सांसदों से भी की मुलाकात
नई दिल्ली प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने Parliament House का भ्रमण भी किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न सांसदों से मुलाकात कर मध्यप्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की।
उन्होंने सांसदों के साथ केंद्र और राज्य सरकार के बीच समन्वय को मजबूत करने, निवेश को बढ़ावा देने और रोजगार के अवसरों का विस्तार करने जैसे विषयों पर भी बातचीत की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनता के हित में विकास कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
निवेश और रोजगार बढ़ाने की दिशा में प्रयास
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने यह भी कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से मध्यप्रदेश में निवेश और उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य के संयुक्त प्रयासों से मध्यप्रदेश आने वाले समय में विकास के नए आयाम स्थापित करेगा।
निष्कर्ष
नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री मोहन यादव की मुलाकात को मध्यप्रदेश के विकास और किसानों के कल्याण के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ‘किसान कल्याण वर्ष’ के तहत राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों से कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलने और किसानों की आय बढ़ने की उम्मीद है। केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से प्रदेश में विकास की गति और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।

