नई दिल्ली। कांग्रेस कार्य समिति यानी CWC की बैठक में बुधवार को देश की मौजूदा राजनीतिक स्थिति को लेकर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने सरकार पर जमकर निशाना साधा। बैठक में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र सरकार की नीतियों और राजनीतिक दिशा को लेकर कई सवाल उठाए।
बैठक के दौरान राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक बड़ा राजनीतिक दावा किया। सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का राजनीतिक दौर अब अंतिम चरण में है और उनके उत्तराधिकारी की तलाश भी शुरू हो चुकी है। उन्होंने कांग्रेस नेताओं से सरकार के खिलाफ और अधिक आक्रामक तरीके से अपनी राजनीतिक लड़ाई आगे बढ़ाने को कहा।
राहुल गांधी ने बैठक में क्या कहा?
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस कार्य समिति की बैठक में राहुल गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राजनीतिक अंत हो चुका है और उनका समय अब समाप्त हो रहा है। उन्होंने कथित तौर पर कहा कि मोदी सरकार अपने अंतिम दौर में है और उत्तराधिकारी की तलाश की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
हालांकि, यह राहुल गांधी का राजनीतिक आकलन और दावा है। इसे किसी आधिकारिक सरकारी घोषणा या संवैधानिक प्रक्रिया के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
राहुल गांधी ने कांग्रेस नेताओं से सरकार के खिलाफ अपनी रणनीति को और प्रभावी बनाने की बात कही। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं से राजनीतिक मुद्दों को जनता के बीच मजबूती से उठाने की अपील की।
कांग्रेस की बैठक में कई बड़े मुद्दों पर चर्चा
दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय इंदिरा भवन में हुई बैठक में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी समेत अन्य नेताओं ने देश की राजनीतिक स्थिति पर चर्चा की।
बैठक में युवाओं की स्थिति, रोजगार, शिक्षा, देश की सीमाओं से जुड़े मुद्दे और राम मंदिर ट्रस्ट को मिले चढ़ावे जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई।

खरगे ने युवाओं और रोजगार को लेकर सरकार पर साधा निशाना
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र सरकार पर युवाओं के भविष्य को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उनके मुताबिक, पिछले वर्षों में युवाओं के लिए रोजगार और शिक्षा के क्षेत्र में पर्याप्त काम नहीं हुआ।
खरगे ने दावा किया कि हाल के वर्षों में करीब 94 हजार स्कूल बंद हुए हैं। उन्होंने युवाओं के लिए एक स्पष्ट और समयबद्ध ‘शिक्षा से रोजगार रोडमैप’ तैयार करने की मांग की।
खरगे ने आरोप लगाया कि युवाओं में रोजगार और भविष्य को लेकर निराशा बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि शिक्षा और रोजगार जैसे मूल मुद्दों को राजनीतिक प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
राम मंदिर के चढ़ावे पर भी उठाए सवाल
CWC की बैठक में राम मंदिर ट्रस्ट को मिले चढ़ावे का मुद्दा भी उठाया गया। खरगे ने कहा कि श्रद्धालुओं से मिले पैसे, सोने और अन्य वस्तुओं का हिसाब सार्वजनिक रूप से स्पष्ट होना चाहिए।
उन्होंने सवाल उठाया कि चढ़ावे के रूप में मिली राशि और दूसरी संपत्तियों का रिकॉर्ड किस तरह रखा जा रहा है और उनका इस्तेमाल किस तरीके से किया जा रहा है।
खरगे ने यह भी कहा कि यदि किसी प्रकार की वित्तीय अनियमितता सामने आती है तो उसकी जांच होनी चाहिए और जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।
चीन से जुड़े मुद्दे पर भी कांग्रेस की नजर
बैठक में भारत की सीमाओं से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कांग्रेस नेताओं ने चीन की कथित गतिविधियों और सीमा से संबंधित रिपोर्टों को लेकर सरकार से जवाब मांगने की बात कही।
कांग्रेस लगातार सीमा सुरक्षा और चीन के साथ सीमा विवाद को राजनीतिक मुद्दा बनाती रही है। पार्टी का कहना है कि देश की सीमाओं से जुड़े मामलों में सरकार को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
युवाओं को लेकर खरगे की सरकार को सलाह
खरगे ने कहा कि देश के युवाओं को शिक्षा और रोजगार के बेहतर अवसर मिलने चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सांप्रदायिक तनाव और राजनीतिक मुद्दों के बीच युवाओं की वास्तविक समस्याएं पीछे छूट रही हैं।
उन्होंने सरकार से शिक्षा और रोजगार को लेकर ठोस नीति बनाने की मांग की। कांग्रेस अध्यक्ष के मुताबिक, युवाओं के भविष्य को लेकर सरकार को केवल घोषणाओं के बजाय समयबद्ध योजना पर काम करना चाहिए।
कांग्रेस के सामने अब बड़ी चुनौती
CWC की बैठक के बाद कांग्रेस के सामने सरकार के खिलाफ अपने राजनीतिक अभियान को और मजबूत करने की चुनौती है। राहुल गांधी का सरकार के ‘अंतिम दौर’ वाला दावा आने वाले समय में कांग्रेस के राजनीतिक नैरेटिव का हिस्सा बन सकता है।
हालांकि, केंद्र सरकार की ओर से इन दावों पर क्या प्रतिक्रिया आती है, यह भी महत्वपूर्ण होगा। फिलहाल CWC बैठक में कांग्रेस नेतृत्व ने युवाओं, रोजगार, शिक्षा, राम मंदिर ट्रस्ट और सीमा सुरक्षा जैसे मुद्दों को राजनीतिक बहस के केंद्र में रखने के संकेत दिए हैं।
निष्कर्ष:
कांग्रेस कार्य समिति की बैठक में राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक भविष्य को लेकर बड़ा दावा किया है। वहीं मल्लिकार्जुन खरगे ने शिक्षा, रोजगार, युवाओं और राम मंदिर ट्रस्ट के चढ़ावे जैसे मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगा। राहुल गांधी का ‘उत्तराधिकारी की तलाश’ वाला बयान फिलहाल एक राजनीतिक दावा है, जिसकी पुष्टि के लिए कोई स्वतंत्र आधिकारिक आधार सामने नहीं आया है।

