नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में नशे के कारोबार, अवैध हथियारों की तस्करी और संगठित अपराध पर लगाम कसने के लिए दिल्ली पुलिस द्वारा चलाया गया ‘ऑपरेशन कवच-14.0’ बेहद प्रभावी साबित हुआ। महज 48 घंटे तक चले इस विशेष अभियान में पुलिस ने पूरे शहर में एक साथ व्यापक छापेमारी कर 255 ड्रग तस्करों समेत सैकड़ों अपराधियों को गिरफ्तार किया। अभियान के दौरान बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थ, अवैध हथियार, शराब और नकदी भी बरामद की गई।
दिल्ली पुलिस के अनुसार यह विशेष अभियान 22 जून शाम 6 बजे से 24 जून शाम 6 बजे तक लगातार चलाया गया। राजधानी के सभी 15 पुलिस जिलों में एक साथ कार्रवाई कर अपराधियों के नेटवर्क पर प्रहार किया गया।
1,474 पुलिस टीमों ने एक साथ की कार्रवाई
इस अभियान की सबसे बड़ी विशेषता इसका व्यापक स्तर था। दिल्ली पुलिस ने कुल 1,474 विशेष टीमों का गठन किया, जिन्होंने राजधानी के 4,035 अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी की।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार अभियान का उद्देश्य केवल गिरफ्तारी करना नहीं था, बल्कि उन अपराधियों और गिरोहों की पहचान करना भी था जो लंबे समय से नशीले पदार्थों, अवैध हथियारों और अन्य आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे।
NDPS एक्ट के तहत 255 आरोपी गिरफ्तार
ऑपरेशन कवच-14.0 के दौरान नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ सबसे बड़ी कार्रवाई देखने को मिली।
दिल्ली पुलिस ने एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत 212 मामले दर्ज किए और 255 आरोपियों को गिरफ्तार किया।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ बरामद किए, जिनमें शामिल हैं—
- 237.466 किलोग्राम गांजा
- 5.184 किलोग्राम ओजी गांजा
- 1.096 किलोग्राम हेरोइन
- 159.8 ग्राम कोकीन
- 366.48 ग्राम चरस
- 101.1 ग्राम एमडीएमए (MDMA)
- 186 ग्राम मेथामफेटामाइन
- 2,640 बुप्रेनार्फिन टैबलेट
- 287 फेनिरामाइन इंजेक्शन
- 23.27 लाख रुपये नकद
पुलिस का मानना है कि यह बरामदगी राजधानी में सक्रिय कई नशा तस्करी नेटवर्क पर बड़ी चोट है।
अवैध हथियारों पर भी चला पुलिस का शिकंजा
ड्रग्स के साथ-साथ दिल्ली पुलिस ने अवैध हथियार रखने और तस्करी करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की।
आर्म्स एक्ट के तहत 315 मामले दर्ज किए गए और 329 लोगों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से बरामद किए—
- 96 पिस्टल और कट्टे
- 147 जिंदा कारतूस
- 242 चाकू
जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि इन हथियारों की आपूर्ति कहां से हो रही थी और इनका इस्तेमाल किन आपराधिक गतिविधियों में किया जाना था।
अवैध शराब कारोबारियों पर भी कार्रवाई
अभियान के दौरान आबकारी नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भी बड़ी कार्रवाई की गई।
दिल्ली आबकारी अधिनियम के तहत 405 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 53,448 अवैध शराब के क्वार्टर जब्त किए गए।
इसके अलावा सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने के आरोप में 4,498 लोगों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की गई।
वाहन चोर और घोषित अपराधी भी पकड़े गए
ऑपरेशन कवच-14.0 केवल ड्रग्स और हथियारों तक सीमित नहीं रहा।
दिल्ली पुलिस ने इस दौरान—
- 49 घोषित अपराधियों (Proclaimed Offenders) को गिरफ्तार किया।
- 55 वाहन चोरों को पकड़ा।
- चोरी के 60 वाहन बरामद किए।
इसके अलावा जुआ अधिनियम, COTPA (सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम) और अन्य कानूनों के तहत भी हजारों लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
अपराध पर अंकुश लगाने की रणनीति
दिल्ली पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन कवच का उद्देश्य केवल अपराधियों की गिरफ्तारी नहीं, बल्कि राजधानी में सक्रिय संगठित अपराध सिंडिकेट, ड्रग सप्लाई चेन और अवैध हथियारों के नेटवर्क को कमजोर करना है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस प्रकार के समन्वित अभियान भविष्य में भी नियमित रूप से चलाए जाएंगे ताकि अपराधियों पर लगातार दबाव बना रहे और राजधानी में कानून-व्यवस्था मजबूत हो।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे अभियान अपराधियों के मनोबल को कमजोर करने के साथ-साथ अपराध नियंत्रण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। हालांकि, दीर्घकालिक सफलता के लिए लगातार निगरानी, खुफिया सूचना तंत्र और अभियोजन प्रक्रिया को भी समान रूप से मजबूत बनाए रखना आवश्यक है।
दिल्ली पुलिस का ऑपरेशन कवच-14.0 राजधानी में संगठित अपराध, ड्रग तस्करी और अवैध हथियारों के खिलाफ अब तक के प्रमुख अभियानों में से एक माना जा रहा है। 48 घंटे के भीतर सैकड़ों गिरफ्तारियां और भारी मात्रा में नशीले पदार्थों, हथियारों तथा अवैध शराब की बरामदगी इस अभियान की व्यापकता को दर्शाती है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि राजधानी को अपराधमुक्त बनाने के लिए ऐसे विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।

