नई दिल्ली: देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह को लेकर राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त कर दिया गया है। 15 अगस्त को लाल किले पर होने वाले मुख्य समारोह और VIP-VVIP मूवमेंट को देखते हुए दिल्ली पुलिस हाई अलर्ट पर है। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लाल किले और आसपास के इलाकों में धारा 163 लागू कर दी गई है। इसके साथ ही पतंग उड़ाने और ड्रोन समेत किसी भी प्रकार की हवाई वस्तु उड़ाने पर प्रतिबंध लगाया गया है।
दिल्ली पुलिस के आदेश के मुताबिक, यह प्रतिबंध सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए लगाया गया है। जारी आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और 16 अगस्त तक प्रभावी रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
लाल किले के आसपास सुरक्षा बेहद सख्त
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान लाल किले पर बड़ी संख्या में वीआईपी, वीवीआईपी, आमंत्रित अतिथियों और लोगों की मौजूदगी रहती है। ऐसे में सुरक्षा एजेंसियों के सामने कार्यक्रम को सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने की बड़ी जिम्मेदारी है।
इसी को देखते हुए लाल किले और उसके आसपास सुरक्षा का दायरा बढ़ाया गया है। पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ-साथ संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। कंट्रोल रूम से निगरानी और फील्ड में तैनात जवानों के जरिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है।
पुलिस का मुख्य फोकस किसी भी तरह की अनहोनी, उपद्रव, अराजकता या सुरक्षा में सेंध की आशंका को रोकना है।
पतंग उड़ाने और हवाई वस्तुओं पर रोक
स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर दिल्ली में पतंग उड़ाने पर भी रोक लगाई गई है। आदेश के तहत लाल किले के आसपास किसी भी प्रकार की पतंग या अन्य हवाई वस्तु उड़ाने की अनुमति नहीं होगी।
इसके पीछे सबसे बड़ी वजह सुरक्षा व्यवस्था है। पतंग, ड्रोन या अन्य उड़ने वाली वस्तुओं की गतिविधि सुरक्षा एजेंसियों के लिए परेशानी पैदा कर सकती है। खासकर स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान किसी भी संदिग्ध हवाई गतिविधि को गंभीरता से लिया जाता है।
पुलिस ने राजधानी के निवासियों, पर्यटकों, दूसरे राज्यों से आने वाले लोगों और कार्यक्रम आयोजकों से आदेशों का पालन करने की अपील की है।

DMRC ने भी जारी की खास एडवाइजरी
पतंगबाजी को लेकर दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन यानी DMRC ने भी लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। DMRC के मुताबिक, 15 अगस्त तक एलिवेटेड मेट्रो लाइनों के आसपास पतंग नहीं उड़ानी चाहिए।
मेट्रो की OHE यानी Overhead Equipment लाइन में 25,000 वोल्ट का करंट रहता है। ऐसे में अगर पतंग या उसकी डोर इसके संपर्क में आती है तो यह जानलेवा साबित हो सकती है। इतना ही नहीं, पतंग की डोर OHE या मेट्रो ट्रेन के पेंटोग्राफ में फंसने पर रेल सेवा भी प्रभावित हो सकती है।
DMRC ने लोगों से अपील की है कि वे मेट्रो कॉरिडोर से दूर खुले और सुरक्षित स्थानों पर ही पतंग उड़ाएं। संवेदनशील मेट्रो स्टेशनों के आसपास पतंग की डोर हटाने के लिए विशेष टीमों की तैनाती भी की गई है।
DMRC ने यह भी स्पष्ट किया है कि एडवाइजरी का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई के लिए पुलिस को शिकायत की जा सकती है।
16 अगस्त तक लागू रहेंगे प्रतिबंध
दिल्ली पुलिस के आदेश के अनुसार धारा 163 और पतंगबाजी से संबंधित प्रतिबंध 16 अगस्त तक प्रभावी रहेंगे। यानी स्वतंत्रता दिवस समारोह समाप्त होने के बाद भी सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर प्रतिबंध कुछ समय तक जारी रहेगा।
पुलिस ने संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। सहायक पुलिस आयुक्तों और थाना प्रभारियों को भी विशेष जिम्मेदारी दी गई है।
आदेश तोड़ा तो हो सकती है कानूनी कार्रवाई
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जारी आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आदेश की अवहेलना की स्थिति में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
इसलिए दिल्ली में रहने वाले लोगों और राजधानी आने वाले पर्यटकों के लिए जरूरी है कि वे स्वतंत्रता दिवस के दौरान सुरक्षा संबंधी सभी निर्देशों का पालन करें और प्रतिबंधित क्षेत्र में पतंग, ड्रोन या अन्य हवाई वस्तु उड़ाने से बचें।
निष्कर्ष:
स्वतंत्रता दिवस समारोह को सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को अभूतपूर्व रूप से मजबूत किया गया है। धारा 163, पतंगबाजी पर प्रतिबंध और हवाई गतिविधियों पर निगरानी 16 अगस्त तक जारी रहेगी। ऐसे में दिल्लीवासियों और राजधानी आने वाले लोगों को पुलिस तथा प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करना चाहिए।

