मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में मंगलवार देर रात एक भीषण सड़क हादसा हो गया। हरिद्वार से अयोध्या जा रही नेपाली श्रद्धालुओं से भरी निजी बस कांठ क्षेत्र में सड़क किनारे खड़ी रोडवेज बस से जा टकराई। हादसा इतना जोरदार था कि दोनों बसों को काफी नुकसान पहुंचा। दुर्घटना में 31 से अधिक नेपाली श्रद्धालुओं के घायल होने की जानकारी सामने आई है। घायलों को तत्काल नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद 10 यात्रियों को जिला अस्पताल रेफर किया गया।
रात करीब 10 बजे हुआ हादसा
जानकारी के मुताबिक हादसा मंगलवार रात करीब 10 बजे मुरादाबाद-हरिद्वार मार्ग पर कांठ क्षेत्र के गढ़ी के पास हुआ। नेपाली श्रद्धालुओं से भरी निजी बस हरिद्वार से अयोध्या की ओर जा रही थी। इसी दौरान सड़क किनारे खड़ी मुरादाबाद डिपो की रोडवेज बस से निजी बस की पीछे से जोरदार टक्कर हो गई।
टक्कर के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। बस में बड़ी संख्या में श्रद्धालु सवार थे, जिसके कारण कई यात्रियों को चोटें आईं। आसपास मौजूद लोगों और स्थानीय स्तर पर पहुंची मदद के जरिए घायलों को बस से बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया।
31 से ज्यादा श्रद्धालु घायल, 10 जिला अस्पताल रेफर
हादसे के बाद घायल यात्रियों को कांठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया। यहां डॉक्टरों ने घायलों की जांच कर उनका प्राथमिक उपचार किया। इनमें से 10 यात्रियों की स्थिति और चोटों को देखते हुए उन्हें आगे के इलाज के लिए मुरादाबाद जिला अस्पताल रेफर किया गया।
प्रशासन और पुलिस की ओर से घायलों के नाम-पते समेत अन्य विवरण जुटाए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि घटना की पूरी जानकारी एकत्र की जा रही है और हादसे के कारणों की भी जांच की जा रही है।

15 दिन पहले नेपाल से भारत आए थे श्रद्धालु
बताया गया है कि बस में सवार नेपाली श्रद्धालु करीब 15 दिन पहले भारत आए थे। नेपाल के करीब 60 श्रद्धालुओं ने धार्मिक यात्रा के लिए एक निजी बस बुक की थी। यह यात्रा भारत के अलग-अलग प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन के लिए आयोजित की गई थी।
यात्रा के दौरान श्रद्धालु अब तक प्रयागराज, मथुरा और उज्जैन जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों पर दर्शन कर चुके थे। उज्जैन में महाकाल के दर्शन के बाद श्रद्धालु करीब दो दिन पहले हरिद्वार पहुंचे थे।
हरिद्वार में श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान किया। इसके बाद मंगलवार को उनका अगला पड़ाव अयोध्या था, जहां वे धार्मिक स्थलों के दर्शन करने के लिए जा रहे थे। लेकिन अयोध्या पहुंचने से पहले ही कांठ क्षेत्र में यह दर्दनाक हादसा हो गया।
खड़ी रोडवेज बस से पीछे से टक्कर
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार श्रद्धालुओं की निजी बस जब कांठ के गढ़ी क्षेत्र के पास पहुंची, उसी दौरान सड़क किनारे खड़ी रोडवेज बस में पीछे से टक्कर हो गई। टक्कर की वजह से निजी बस के साथ-साथ रोडवेज बस को भी नुकसान पहुंचा।
हादसे के बाद सड़क पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। दुर्घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और घटना से जुड़ी जानकारी जुटाई।
पुलिस कर रही घायलों की पहचान
कांठ की सीओ सुनीता दहिया ने बताया कि हादसे में घायल यात्रियों के नाम और पते की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी पता कर रही है कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और सड़क किनारे रोडवेज बस किस स्थिति में खड़ी थी।
फिलहाल प्रशासन का मुख्य फोकस घायलों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने और उनके परिजनों/संबंधित लोगों तक सूचना पहुंचाने पर है। हादसे के बाद नेपाली श्रद्धालुओं की यात्रा भी प्रभावित हुई है।
धार्मिक यात्रा के बीच हादसे ने बढ़ाई चिंता
नेपाल से भारत धार्मिक यात्रा पर आए श्रद्धालुओं के साथ हुए इस हादसे ने एक बार फिर लंबी दूरी की बस यात्राओं और सड़क किनारे खड़े वाहनों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। खासकर रात के समय सड़क किनारे खड़े भारी वाहनों को लेकर अतिरिक्त सावधानी जरूरी मानी जाती है।
अयोध्या जा रहे इन श्रद्धालुओं की यात्रा हादसे के कारण अचानक अस्पताल तक पहुंच गई। फिलहाल सभी घायलों के उपचार और उनकी स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है। पुलिस की जांच के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह और जिम्मेदारी से जुड़ी तस्वीर पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
निष्कर्ष
मुरादाबाद के कांठ क्षेत्र में हुआ यह सड़क हादसा नेपाली श्रद्धालुओं के लिए बेहद मुश्किल भरा साबित हुआ। हरिद्वार से अयोध्या जा रही निजी बस की सड़क किनारे खड़ी रोडवेज बस से टक्कर में 31 से अधिक यात्री घायल हुए, जबकि 10 घायलों को जिला अस्पताल रेफर किया गया है। पुलिस घायलों की पहचान और हादसे के कारणों की जांच कर रही है। श्रद्धालु करीब 15 दिन पहले नेपाल से भारत धार्मिक यात्रा पर आए थे और कई प्रमुख तीर्थस्थलों के दर्शन के बाद अयोध्या जा रहे थे।

