उत्तर प्रदेश: के कानपुर से सामने आए जुड़वां बहनों की हत्या के मामले ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। किदवईनगर स्थित त्रिमूर्ति अपार्टमेंट में 11 साल की मासूम बहनों रिद्धि और सिद्धि की उनके ही पिता द्वारा की गई निर्मम हत्या ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब इस सनसनीखेज हत्याकांड में नए-नए खुलासे हो रहे हैं, जो इस मामले को और भी पेचीदा बना रहे हैं।
पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी पिता शशिरंजन मिश्रा का अपनी पत्नी रेशमा के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था। दोनों एक ही घर में रहते हुए भी अलग-अलग कमरों में रह रहे थे। पारिवारिक तनाव इस कदर बढ़ चुका था कि बच्चों का बंटवारा तक हो गया था—दोनों बेटियां पिता के साथ और छोटा बेटा मां के साथ रहता था।
चंडीगढ़ कनेक्शन बना विवाद की जड़
इस पूरे मामले में एक अहम कड़ी चंडीगढ़ की एक महिला को माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि कोरोना काल के बाद शशिरंजन काम के सिलसिले में चंडीगढ़ गया था, जहां उसकी एक महिला से दोस्ती हुई। धीरे-धीरे यह दोस्ती गहराती गई और आरोपी का वहां आना-जाना बढ़ गया। कई-कई दिनों तक घर से दूर रहने के कारण पति-पत्नी के बीच तनाव बढ़ता चला गया।
पत्नी रेशमा के मुताबिक, इसी कारण घर का माहौल बिगड़ गया और रिश्ते में खटास इतनी बढ़ गई कि दोनों अलग-अलग रहने लगे। हालांकि पुलिस अभी इस महिला की भूमिका की जांच कर रही है और कॉल डिटेल्स खंगाले जा रहे हैं।

सख्त स्वभाव और कंट्रोलिंग बिहेवियर
पड़ोसियों और परिवार के अनुसार, आरोपी पिता बच्चों पर बेहद सख्ती रखता था। बेटियों को बाहर खेलने या अन्य बच्चों से घुलने-मिलने की इजाजत नहीं थी। शुरू में यह व्यवहार “सुरक्षा” जैसा लगता था, लेकिन अब यह सवालों के घेरे में है।
कैसे हुई वारदात?
शनिवार रात परिवार ने साथ में खाना खाया और टीवी देखा। इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद हुआ। गुस्से में आरोपी ने परिवार को धमकाया। इसके बाद दोनों बेटियां पिता के कमरे में सोने चली गईं, जबकि मां अपने बेटे के साथ दूसरे कमरे में चली गई।
आरोप है कि रात में पिता ने पहले बेटियों को नशीला पदार्थ दिया, फिर गला दबाकर हत्या कर दी। इतना ही नहीं, उसने चापड़ और हथौड़े से वार कर यह सुनिश्चित किया कि कोई बच न सके। यह पूरी वारदात घर में लगे CCTV कैमरों में रिकॉर्ड हो गई।
खुद दी पुलिस को सूचना
हैरानी की बात यह है कि हत्या के करीब डेढ़ घंटे बाद आरोपी ने खुद ही पुलिस कंट्रोल रूम में फोन कर घटना की जानकारी दी। जब पुलिस मौके पर पहुंची, तो वह शवों के पास बैठा मिला। कमरे से खून से सना चापड़ और हथौड़ा बरामद किया गया।
मां रेशमा को घटना की जानकारी तब मिली जब पुलिस ने उन्हें जगाया। अपनी बेटियों की हालत देखकर वह बदहवास हो गईं।
अब भी अनसुलझा है ‘मकसद’
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन उसने अब तक हत्या का स्पष्ट कारण नहीं बताया है। जांच एजेंसियां हर एंगल से मामले की पड़ताल कर रही हैं—चाहे वह घरेलू विवाद हो, मानसिक स्थिति या बाहरी संबंधों का असर।
कानपुर का यह डबल मर्डर केस सिर्फ एक आपराधिक घटना नहीं, बल्कि टूटते पारिवारिक रिश्तों, मानसिक दबाव और छिपे हुए तनाव का भयावह उदाहरण बनकर सामने आया है। जब तक हत्या के पीछे का असली कारण सामने नहीं आता, यह मामला रहस्य और डर दोनों पैदा करता रहेगा।

