अंबेडकरनगर। उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर जिले से एक बुजुर्ग महिला की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है, जिसने पुलिस महकमे को भी चौंका दिया है। पुलिस हेडक्वार्टर में एसपी के पद पर तैनात आईपीएस अधिकारी आशुतोष मिश्रा की 91 वर्षीय मां इंद्रावती का शव उनके पैतृक घर से बरामद हुआ। वह पिछले करीब दो सप्ताह से गांव में अकेली रह रही थीं।
शव मिलने के बाद घर से सोने के कई आभूषण गायब पाए गए। महिला के शरीर पर चोट के निशान मिलने की बात भी सामने आई है। इन परिस्थितियों को देखते हुए परिवार ने इसे सामान्य मौत मानने के बजाय लूट के बाद हत्या की आशंका जताई है। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
घर में अकेली रह रही थीं इंद्रावती
मालीपुर थाना क्षेत्र के रूढ़ा धमरूआ गांव में इंद्रावती अपने पैतृक घर में रह रही थीं। जानकारी के मुताबिक, वह करीब दो सप्ताह से गांव में अकेली थीं।
शनिवार को उनके बेटे और पुलिस अधिकारी आशुतोष मिश्रा भी मां से मिलने गांव पहुंचे थे। हालांकि ड्यूटी के चलते कुछ समय बाद वह वापस लखनऊ लौट गए।
इसके अगले दिन रविवार सुबह परिवार को उनकी मौत की सूचना मिली। शुरुआत में परिजनों को बताया गया कि संभवतः उनकी तबीयत बिगड़ने से मौत हुई है।
लेकिन घर पहुंचने के बाद परिस्थितियां कुछ अलग नजर आईं।
गहने गायब मिलने से बढ़ा शक
आशुतोष मिश्रा ने जब अपनी मां के शव और घर की स्थिति देखी तो उन्हें कई बातें संदिग्ध लगीं। महिला के शरीर पर चोट के निशान बताए गए और उनके कुछ आभूषण भी गायब मिले।
परिवार के अनुसार, सोने की चेन, सोने के दानों वाली माला, नाक की कील, कान के आभूषण और पायल समेत कई सामान नहीं मिले।
इसी के बाद परिवार की ओर से लूट और हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई।
पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। डीआईजी सोमेन वर्मा और एसपी प्राची सिंह समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे।
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए फोरेंसिक, सर्विलांस और एसओजी टीमों को भी जांच में लगाया गया है।
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय घर के आसपास कौन-कौन लोग मौजूद थे और महिला के घर में किसी बाहरी व्यक्ति के आने-जाने के संकेत मिले हैं या नहीं।

पोस्टमार्टम में मौत की वजह अभी साफ नहीं
पुलिस के अनुसार पोस्टमार्टम के बाद भी मौत की सटीक वजह तत्काल स्पष्ट नहीं हो सकी। डॉक्टरों ने आगे की जांच के लिए विसरा सुरक्षित किया है।
पोस्टमार्टम के दौरान शरीर पर चोट के निशान मिलने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के परिणामों को मामले की जांच में अहम मान रही है।
अभी यह स्पष्ट नहीं है कि महिला की मौत किन परिस्थितियों में हुई और क्या आभूषणों की चोरी का घटना से सीधा संबंध है। पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है।
गांव में CCTV नहीं होने से चुनौती बढ़ी
मामले की जांच में पुलिस के सामने एक बड़ी चुनौती यह भी है कि घटनास्थल और आसपास के इलाके में CCTV कैमरों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है।
बताया गया है कि महिला के घर के बाहर या आसपास के मकानों में भी CCTV कैमरे नहीं लगे हैं। ऐसे में पुलिस को इलेक्ट्रॉनिक फुटेज के जरिए संदिग्धों तक पहुंचने में मुश्किल हो सकती है।
अब पुलिस स्थानीय लोगों के बयान, मोबाइल लोकेशन, सर्विलांस और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
परिवार के अन्य सदस्य भी गांव पहुंचे
इंद्रावती की दो बेटियां लक्ष्मी और श्रद्धा हैं। दोनों की शादी हो चुकी है। लक्ष्मी लखनऊ में रहती हैं, जबकि श्रद्धा मुंबई में रहती हैं।
मां की मौत की जानकारी मिलने के बाद परिवार के सदस्य पैतृक गांव पहुंच गए। घटना के बाद परिवार में शोक का माहौल है।
कौन हैं आईपीएस अधिकारी आशुतोष मिश्रा?
आशुतोष मिश्रा का वर्ष 1998 में पुलिस विभाग में चयन हुआ था। वर्ष 2016 में पदोन्नति के बाद वह आईपीएस अधिकारी बने।
अपने करियर के दौरान उन्होंने मुरादाबाद, बहराइच, अलीगढ़, बाराबंकी समेत कई महत्वपूर्ण स्थानों पर सेवाएं दी हैं। इसके बाद उन्होंने पुलिस मुख्यालय में भी जिम्मेदारियां संभालीं।
29 नवंबर 2023 से वह पुलिस हेडक्वार्टर में तैनात बताए गए हैं।
अब जांच में इन सवालों के जवाब तलाश रही पुलिस
इस मामले में पुलिस के सामने कई अहम सवाल हैं—इंद्रावती की मौत किन परिस्थितियों में हुई? घर में कौन आया था? उनके आभूषण कब और कैसे गायब हुए? क्या लूट और मौत के बीच कोई सीधा संबंध है? और सबसे अहम, घटना को अंजाम देने वाला व्यक्ति परिवार या महिला से परिचित था या कोई बाहरी व्यक्ति?
इन सवालों के जवाब पोस्टमार्टम, फोरेंसिक जांच और पुलिस की पड़ताल के बाद ही सामने आ सकेंगे।
निष्कर्ष:
अंबेडकरनगर में 91 वर्षीय इंद्रावती की मौत का मामला अब संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या और लूट की जांच में बदल गया है। घर से आभूषण गायब मिलने और शरीर पर चोट के निशान सामने आने के बाद पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। फिलहाल मौत की सटीक वजह स्पष्ट नहीं हुई है। फोरेंसिक, सर्विलांस और एसओजी की जांच के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि आखिर बुजुर्ग महिला की मौत के पीछे क्या कहानी थी और क्या यह वास्तव में लूट के बाद हत्या का मामला है।

