76 साल के हुए PM मोदी, वडनगर से वाराणसी तक जन्मदिन की चर्चा
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यानी 17 सितंबर 2026 को अपना 76वां जन्मदिन मना रहे हैं। उनके जन्मदिन के मौके पर देश के अलग-अलग हिस्सों में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। गुजरात का वडनगर, जहां मोदी का जन्म हुआ था, और उत्तर प्रदेश का वाराणसी, जहां से वह लोकसभा सांसद हैं, इस मौके पर खास तौर पर चर्चा में हैं।
प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर राजनीतिक नेताओं और सार्वजनिक जीवन से जुड़े लोगों की ओर से शुभकामनाएं दी जा रही हैं। उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने भी प्रधानमंत्री को जन्मदिन की बधाई दी। उपराष्ट्रपति की आधिकारिक वेबसाइट पर जून 2026 में भी मोदी को लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में सबसे लंबी सेवा पूरी करने पर बधाई देने का उल्लेख है।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने क्या कहा?
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए उनके नेतृत्व में भारत की आर्थिक और वैश्विक स्थिति से जुड़े अपने विचार साझा किए।
उन्होंने मोदी को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए भारत की विकास यात्रा और वैश्विक स्तर पर देश की स्थिति का उल्लेख किया। उपराष्ट्रपति ने इससे पहले भी मोदी के लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में रिकॉर्ड पूरा करने पर सार्वजनिक रूप से बधाई दी थी।
हालांकि, ऐसे संदेशों में व्यक्त किए गए मूल्यांकन संबंधित संवैधानिक पदाधिकारी के विचार हैं, जिन्हें उसी संदर्भ में देखा जाना चाहिए।

मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 साल भी पूरे होंगे
इस बार प्रधानमंत्री का जन्मदिन इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि अक्टूबर 2026 में नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्ष पूरे होने हैं।
अक्टूबर 2001 में मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में पद संभाला था। इसके बाद मई 2014 में उन्होंने प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली। भाजपा ने इसी पड़ाव को ध्यान में रखते हुए महीनेभर चलने वाला ‘सेवा संकल्प अभियान’ शुरू करने की घोषणा की है।
भाजपा की ओर से बताया गया है कि अभियान के दौरान सेवा और जनसंपर्क से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
आज से शुरू हुआ ‘सेवा संकल्प अभियान’
17 सितंबर से शुरू होने वाले इस अभियान को प्रधानमंत्री के जन्मदिन और उनके 25 वर्ष के सार्वजनिक जीवन से जोड़कर देखा जा रहा है।
मध्य प्रदेश में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन उज्जैन सहित विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लेने वाले हैं। रिपोर्टों के मुताबिक उज्जैन में प्रधानमंत्री के जन्मदिन के मौके पर ‘आशीर्वाद का दिया’ अभियान से जुड़े कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं।
इस दौरान सेवा गतिविधियों, जनसंपर्क कार्यक्रमों और अन्य आयोजनों का सिलसिला चलने की योजना है।
वडनगर में जन्मदिन का खास जुड़ाव
नरेंद्र मोदी का जन्म 17 सितंबर 1950 को गुजरात के वडनगर में हुआ था। इसलिए हर साल उनके जन्मदिन के मौके पर वडनगर का नाम खास तौर पर चर्चा में रहता है।
मोदी के राजनीतिक जीवन की शुरुआत स्थानीय और संगठनात्मक राजनीति से हुई और बाद में वह गुजरात के मुख्यमंत्री बने। 2001 में मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने करीब 12 वर्ष गुजरात की राजनीति में सरकार का नेतृत्व किया।
इसके बाद 2014 में प्रधानमंत्री बनने के साथ उनका राजनीतिक केंद्र राष्ट्रीय स्तर पर आ गया।
वाराणसी भी बना प्रमुख केंद्र
उत्तर प्रदेश का वाराणसी प्रधानमंत्री मोदी के राजनीतिक सफर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। नरेंद्र मोदी वाराणसी लोकसभा सीट से सांसद हैं और 2014 से इस सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।
इसी वजह से उनके जन्मदिन के मौके पर वाराणसी में भी विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। समर्थकों और पार्टी कार्यकर्ताओं की ओर से सेवा गतिविधियों और अन्य आयोजनों के जरिए जन्मदिन मनाने की तैयारी की गई है।
यहां जन्मदिन से जुड़े आयोजनों के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर सामाजिक गतिविधियां भी देखने को मिलती हैं।
विदेशों से भी शुभकामना संदेश
प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर देश के अलावा विदेशों से भी शुभकामना संदेश आने की परंपरा रही है। मोदी के लंबे प्रधानमंत्री कार्यकाल और भारत की विदेश नीति के कारण उनके जन्मदिन पर कई विदेशी नेताओं की शुभकामनाओं पर भी नजर रहती है।
इस वर्ष भी अलग-अलग देशों से आने वाले संदेशों को प्रधानमंत्री के जन्मदिन से जुड़े प्रमुख घटनाक्रमों में शामिल किया जा रहा है।
मोदी के लिए इस जन्मदिन का राजनीतिक संदर्भ क्या है?
76वां जन्मदिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए ऐसे समय आया है जब उनके प्रधानमंत्री पद पर लगातार तीसरे कार्यकाल की अवधि जारी है। जून 2026 में उन्होंने लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में जवाहरलाल नेहरू के 4,398 दिनों के रिकॉर्ड को पार किया था। उपराष्ट्रपति कार्यालय ने उस समय मोदी को भारत का सबसे लंबे समय तक लगातार सेवा देने वाला निर्वाचित प्रधानमंत्री बताया था।
इसके अलावा अक्टूबर में सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने का पड़ाव भी आने वाला है। इसलिए इस साल का जन्मदिन व्यक्तिगत अवसर के साथ-साथ उनके लंबे सार्वजनिक जीवन के एक महत्वपूर्ण पड़ाव के रूप में भी चर्चा में है।
देशभर में कार्यक्रमों की तैयारी
प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर भाजपा और उससे जुड़े संगठनों की ओर से विभिन्न राज्यों में सेवा और जनसंपर्क से जुड़े कार्यक्रमों की योजना बनाई गई है।
मध्य प्रदेश में उज्जैन कार्यक्रम, गुजरात में वडनगर से जुड़ी गतिविधियां और उत्तर प्रदेश में वाराणसी के आयोजन इस पूरे अभियान के अलग-अलग हिस्से हैं।
इन कार्यक्रमों का स्वरूप राज्य और स्थानीय इकाइयों के हिसाब से अलग-अलग रखा गया है।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 सितंबर 2026 को 76 वर्ष के हो गए हैं। उनके जन्मदिन पर उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन समेत कई लोगों ने शुभकामनाएं दी हैं। गुजरात के वडनगर से लेकर उत्तर प्रदेश के वाराणसी तक जन्मदिन से जुड़े कार्यक्रमों का आयोजन हो रहा है।
इस बार जन्मदिन का एक और महत्वपूर्ण पहलू अक्टूबर में सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होना है। इसी पड़ाव को ध्यान में रखते हुए भाजपा ने महीनेभर चलने वाले ‘सेवा संकल्प अभियान’ की शुरुआत की है।
इस तरह 17 सितंबर का दिन प्रधानमंत्री के जन्मदिन के साथ-साथ उनके लंबे सार्वजनिक जीवन से जुड़े एक बड़े पड़ाव की शुरुआत के रूप में भी देखा जा रहा है।

