LRN24LRN24
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राजनीति
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
Reading: महिला अफसरों को मिला बड़ा हक: सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, अब पेंशन और स्थायी कमीशन पर खत्म भेदभाव
Share
Font ResizerAa
LRN24LRN24
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राजनीति
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
Search News
  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राजनीति
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
Follow US
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
© LRN24 News Network

Home - राजनीति - महिला अफसरों को मिला बड़ा हक: सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, अब पेंशन और स्थायी कमीशन पर खत्म भेदभाव

महिला अफसरों को मिला बड़ा हक: सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, अब पेंशन और स्थायी कमीशन पर खत्म भेदभाव

Rajat Kumar
Last updated: 2026/03/24 at 4:42 PM
Rajat Kumar
Share
4 Min Read
SHARE

नई दिल्ली। देश की सशस्त्र सेनाओं में लैंगिक समानता को लेकर एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए Supreme Court of India ने महिला अफसरों के पक्ष में बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि आर्मी, नेवी और एयर फोर्स की शॉर्ट सर्विस कमीशन (SSC) महिला अफसरों को स्थायी कमीशन (Permanent Commission) से वंचित करना भेदभावपूर्ण था।

Contents
कोर्ट का बड़ा संदेश: योग्यता नहीं, व्यवस्था थी बाधापेंशन को लेकर ऐतिहासिक राहततीन प्रमुख निर्देशसेना की तीनों शाखाओं पर टिप्पणी23 साल पुरानी कानूनी लड़ाई का नतीजाविशेषज्ञों की प्रतिक्रियानिष्कर्ष

इस फैसले के तहत अब उन महिला अधिकारियों को भी पेंशन का लाभ मिलेगा, जिन्हें पहले स्थायी कमीशन नहीं दिया गया और सेवा अवधि पूरी होने से पहले ही रिटायर कर दिया गया था। सुप्रीम कोर्ट की इस टिप्पणी को देश में महिला अधिकारों और समान अवसर के लिए मील का पत्थर माना जा रहा है।

कोर्ट का बड़ा संदेश: योग्यता नहीं, व्यवस्था थी बाधा

सुप्रीम कोर्ट की बेंच, जिसमें Justice Surya Kant, Justice Ujjal Bhuyan और Justice N Kotiswar Singh शामिल थे, ने कहा कि महिलाओं को स्थायी कमीशन न देना उनकी योग्यता की कमी नहीं, बल्कि सिस्टम में मौजूद पूर्वाग्रह और भेदभाव का परिणाम था।

कोर्ट ने यह भी माना कि महिला अफसरों की ACR (Annual Confidential Report) और मूल्यांकन प्रक्रिया भी निष्पक्ष नहीं रही, क्योंकि पहले से यह धारणा बना ली गई थी कि उन्हें आगे बढ़ने का मौका नहीं मिलेगा।

पेंशन को लेकर ऐतिहासिक राहत

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि जिन महिला SSC अधिकारियों को स्थायी कमीशन नहीं मिला और वे सेवा से बाहर हो गईं, उन्हें यह माना जाएगा कि उन्होंने पेंशन के लिए आवश्यक 20 साल की सेवा पूरी कर ली है।

हालांकि कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें पिछला वेतन (arrears) नहीं मिलेगा, लेकिन पेंशन और अन्य सभी रिटायरमेंट लाभ दिए जाएंगे। यह निर्णय हजारों पूर्व महिला अधिकारियों के लिए राहत लेकर आया है।

तीन प्रमुख निर्देश

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में तीन प्रमुख राहतें दीं:

  1. जिन महिला अफसरों को पहले ही स्थायी कमीशन मिल चुका है, उनका स्टेटस बरकरार रहेगा।
  2. जो महिला अफसर सेवा से बाहर हो चुकी हैं, उन्हें 20 साल की सेवा पूर्ण मानकर पेंशन दी जाएगी।
  3. वर्तमान में कार्यरत महिला अफसरों को निर्धारित 60% कटऑफ पूरा करने पर स्थायी कमीशन दिया जाएगा।

हालांकि JAG और AEC शाखाओं की महिला अफसरों को इस आदेश से बाहर रखा गया है, क्योंकि उन्हें पहले से ही स्थायी कमीशन के अवसर मिलते रहे हैं।

सेना की तीनों शाखाओं पर टिप्पणी

कोर्ट ने तीनों सेनाओं के मूल्यांकन सिस्टम पर भी गंभीर टिप्पणियां कीं:

  • आर्मी: महिलाओं के ACR पूर्वाग्रह से प्रभावित थे और उन्हें आवश्यक ट्रेनिंग भी नहीं दी गई।
  • नेवी: मूल्यांकन प्रक्रिया पारदर्शी नहीं थी और अधिकारियों को मानदंड स्पष्ट नहीं बताए गए।
  • एयर फोर्स: प्रदर्शन मानकों को जल्दबाजी में लागू किया गया, जिससे निष्पक्षता प्रभावित हुई।

कोर्ट ने आर्टिकल 142 के तहत “पूर्ण न्याय” सुनिश्चित करने के लिए यह फैसला सुनाया।

23 साल पुरानी कानूनी लड़ाई का नतीजा

यह मामला करीब 23 साल पुराना है, जिसकी शुरुआत 2003 में महिला वकील Babita Puniya द्वारा दायर याचिका से हुई थी। बाद में कई महिला अधिकारियों ने इस मुद्दे को लेकर अदालत का दरवाजा खटखटाया।

2010 में दिल्ली हाईकोर्ट ने महिला अफसरों के पक्ष में फैसला दिया था, लेकिन 2019 की सरकारी नीति में एक शर्त जोड़ दी गई, जिससे कई महिला अधिकारी इस लाभ से वंचित रह गईं। अब सुप्रीम कोर्ट ने उस असमानता को दूर करने का प्रयास किया है।

विशेषज्ञों की प्रतिक्रिया

सीनियर एडवोकेट Menaka Guruswamy ने इस फैसले को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह लैंगिक समानता की दिशा में बड़ा कदम है। वहीं, एडिशनल सॉलिसिटर जनरल Aishwarya Bhati ने भी इस निर्णय का स्वागत किया।

ये भी पढ़ें: लोकसभा में नरेंद्र मोदी का बयान—पश्चिम एशिया संकट के बीच भारत ने बनाई मजबूत रणनीति, ऊर्जा और नागरिकों की सुरक्षा पर फोकस


निष्कर्ष

सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला भारतीय सशस्त्र बलों में महिलाओं की भूमिका को नई पहचान देता है। यह न केवल समान अवसर सुनिश्चित करता है, बल्कि यह भी संदेश देता है कि संस्थागत भेदभाव को अब स्वीकार नहीं किया जाएगा। आने वाले समय में यह निर्णय सेना में महिलाओं की भागीदारी और नेतृत्व को और मजबूत करेगा।

TAGGED: Defence News, Gender Equality, India News, Indian Army, Pension Rights, Permanent Commission, SSC Officers, Supreme Court, Women Officers
Share This Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Email Copy Link Print
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Joy0
Dead0
Wink0
Rajat Kumar
By Rajat Kumar
Follow:
Lrn24 News Editor
Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisments

क्रिकेट लाइव

Live Cricket Scores

ज्योतिष

आज का मौसम

Widget weather

सोने की कीमत

You Might Also Like

राज्यराजनीतिराष्ट्रीयवायरल न्यूज़

JPSC विवाद की पूरी कहानी: रिजल्ट आते ही क्यों भड़के छात्र? भर्ती परीक्षा से शुरू हुआ आंदोलन अब सरकार के लिए बड़ी चुनौती

11 hours ago
राज्यराजनीतिराष्ट्रीयवायरल न्यूज़

उपचुनाव में BJP को बड़ा झटका? बांकीपुर में प्रशांत किशोर की धमाकेदार बढ़त, दतिया में कांग्रेस आगे; गुजरात में भाजपा ने दर्ज की जीत

11 hours ago
राज्यराष्ट्रीयवायरल न्यूज़व्यापार

UPI और डिजिटल इंडिया के दौर में भी यहां नहीं चलता पैसा, शिपकी ला में आज भी सामान के बदले सामान का होता है व्यापार

12 hours ago
राज्यराजनीतिराष्ट्रीयवायरल न्यूज़

क्या इलाज के लिए विदेश जा पाएंगे अभिषेक बनर्जी? सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, कलकत्ता हाईकोर्ट से कहा- जल्द करें फैसला

12 hours ago
Lrn24 logo Lrn24 logo

About US

LRN24 is a digital news platform committed to delivering fast, accurate, and unbiased news from India and around the world. Our goal is to keep our readers informed with verified facts, meaningful stories, and real-time updates that matter.

Important Pages
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
Usefull Links
  • Disclaimer
  • DNPA Code of Ethics
  • Grievance Redressal

Contact Address

Lrn24
(MSME UDYAM-UP-01-0000389)
E-162, Rambagh Agra,UP
MOB : +91-9058005498
Email : liverealnews24official@gmail.com

© 2024, LRN24.com | All Rights Reserved.

Follow US
© 2026 LRN24 News Network. All Rights Reserved.
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy

WhatsApp us

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?